हजारीबाग: जय प्रकाश नारायण केन्द्रीय कारा से फरार हुए तीन सजायाफ्ता कैदियों को पुलिस ने महाराष्ट्र से गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है. इस पूरे मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक ने प्रेस वार्ता कर विस्तृत जानकारी दी.

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि 31 दिसंबर 2025 की रात करीब डेढ़ बजे तीन सजायाफ्ता कैदी जय प्रकाश नारायण केन्द्रीय कारा, हजारीबाग से फरार हो गए थे. सुबह करीब सात बजे घटना की जानकारी मिलते ही हजारीबाग पुलिस हरकत में आ गई. उपायुक्त के नेतृत्व में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ जेल परिसर का निरीक्षण किया गया. जांच में सामने आया कि कैदियों ने जेल वार्ड की खिड़की का रॉड काटा, बेडशीट से रस्सी बनाई और नीचे उतरकर जेल की आंतरिक व बाहरी दीवार फांदते हुए फरार हो गए. इस मामले में लोहसिंघना थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई.
घटना की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर के नेतृत्व में तीन विशेष जांच टीमों का गठन किया गया. एक टीम तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच कर रही थी, दूसरी टीम फरार कैदियों की गतिविधियों और मूवमेंट को ट्रेस कर रही थी, जबकि तीसरी टीम लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी.
लगातार प्रयास और समन्वित कार्रवाई के बाद पुलिस ने झारखंड, बिहार और पश्चिम बंगाल होते हुए महाराष्ट्र के सोलापुर जिला अंतर्गत करमाला थाना क्षेत्र के कोरटी ईंट- भट्ठा से तीनों फरार सजायाफ्ता कैदियों को गिरफ्तार कर लिया. ट्रांजिट रिमांड पर सभी को वापस हजारीबाग लाया गया है. पुलिस अधीक्षक ने कहा कि हजारीबाग पुलिस अपराध नियंत्रण और त्वरित कार्रवाई के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और यह कार्रवाई उसी का सशक्त उदाहरण है. आगे भी ऐसे मामलों में सख्त और प्रभावी कदम उठाए जाते रहेंगे.

