देवघर: श्रावणी मेला 2025 की तैयारियों को लेकर देवघर के सर्किट हाउस में सोमवार को एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक की अध्यक्षता झारखंड सरकार के पर्यटन मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने की.

इस बैठक में देवघर विधायक सुरेश पासवान, सारठ विधायक चुन्ना सिंह, देवघर और दुमका के उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक, संथाल परगना के आयुक्त, एम्स डायरेक्टर समेत विभिन्न विभागों के वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे.
बैठक के दौरान पर्यटन मंत्री ने कहा कि श्रावणी मेला झारखंड ही नहीं, बल्कि पूरे देश की आस्था और पहचान का प्रतीक है. इसके बेहतर संचालन और श्रद्धालुओं की सुविधा को लेकर राज्य सरकार पूरी तरह गंभीर है. मंत्री ने बताया कि मेले को लेकर अब तक तीन बार उच्चस्तरीय बैठक हो चुकी है. सरकार ने 5 जुलाई तक सभी कार्यों को पूर्ण करने की डेडलाइन तय की थी, जिसमें से लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूरे हो चुके हैं. शेष कार्य भी जल्द ही पूरे कर लिए जाएंगे. बैठक के बाद पर्यटन मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने देवघर- दुम्मा बॉर्डर से कांवरिया पथ का स्थलीय निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान उन्होंने बताया कि कांवरिया पथ पर मखमली बालू पूर्व की तरह बिछाई जा रही है. इसके साथ ही पेयजल, शौचालय, स्नानघर, रात्रि विश्राम शेड, स्वास्थ्य केंद्र, एंबुलेंस, मोबाइल टॉयलेट जैसी सभी जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था लगभग पूरी कर ली गई है. मंत्री ने निर्देश दिया कि कांवरिया पथ पर सुरक्षा, स्वच्छता और स्वास्थ्य के मद्देनजर कोई भी समझौता न किया जाए. उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों से आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने की अपील की ताकि श्रावणी मेले के दौरान लाखों श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े. प्रशासन श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सतर्कता से कार्य कर रहा है.

