बुधवार को चक्रधरपुर प्रखंड के बाईहातू गांव में सेंटर फॉर कैटेलाइजिंग चेंज के सहयोग से ग्राम सभा का आयोजन हुआ, जिसमें बाल विवाह, मानव तस्करी, डायन प्रथा तथा स्कूल ड्रॉपआउट जैसी समस्याओं पर चर्चा की गई. ग्राम मुंडा माधो केराई की अध्यक्षता में ग्राम सभा का संचालन हुआ. स्वास्थ्य, पोषण, जीवन कौशल, शिक्षा के अधिकार, लिंग भेद, मानव तस्करी संबंधित नुक्कड़ नाटक का भी मंचन गांव के ही किशोर किशोरी समूह द्वारा किया गया. ग्राम सभा में सरकार द्वारा चलाई जाने वाली योजनाओं और प्रावधानों पर विस्तृत जानकारी दी गई. मुख्यमंत्री कन्यादान योजना, मुख्यमंत्री सुकन्या योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की जानकारी आंगनबाड़ी सेविका सावित्री बोदरा ने दी. सहिया साथी मेंजारी केराई ने स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से दी जाने वाली जननी सुरक्षा योजना की जानकारी दी. प्रखंड समन्वयक ने बताया कि राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरकेएसके) के तहत पीयर एजुकेटर के लिए प्रोत्साहन राशि का प्रावधान किया गया है। कम उम्र में विवाह होने से शारीरिक और मानसिक रूप से क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं. गांव के मुंडा केराई ने बताया कि मानव तस्करी द्वारा कम उम्र के लड़के लड़कियों को बहला फुसला कर दूसरे राज्यों में ले जाया जाता है. जहां उनसे यौन शोषण, कम मजदूरी देना, बंधुआ मजदूरी कराना और कभी कभी जान का खतरा भी रहता है. उन्होंने श्रम विभाग के ई पोर्टल की भी जानकारी दी.

