चतरा: झारखंड के चतरा जिले में झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई का अभाव अब लोगों की जान पर भारी पड़ रहा है. तीन दिनों के भीतर गलत इलाज से तीन लोगों की मौत हो चुकी है. वशिष्ठनगर थाना क्षेत्र के डेमडेम गांव में चार वर्षीय ऋषि कुमार की जिंदगी भी झोलाछाप इलाज की भेंट चढ़ गई.

जानकारी के अनुसार, डेमडेम निवासी मनोज पासवान के बेटे ऋषि कुमार को पेट दर्द की शिकायत पर परिजन सलैया निवासी झोलाछाप चिकित्सक प्रदीप विश्वकर्मा के पास ले गए. इलाज के दौरान प्रदीप ने मासूम को लगातार तीन इंजेक्शन लगा दिए और दावा किया कि बच्चा जल्द ठीक हो जाएगा. लेकिन घर लौटने के बाद बच्चे की हालत बिगड़ गई. परिजन पुनः प्रदीप के पास पहुंचे तो उसने बच्चे को मिर्गी का मरीज बताते हुए गया रेफर कर दिया. गया के विभिन्न अस्पतालों ने बच्चे को भर्ती करने से इनकार कर दिया. अंततः मेडिकल कॉलेज में भर्ती होने के तुरंत बाद ही ऋषि कुमार की मौत हो गई.
परिजनों ने बताया कि गया के चिकित्सकों ने मौत का कारण इंजेक्शन का ओवरडोज बताया है. गुस्साए परिजन शव लेकर वशिष्ठनगर थाना पहुंचे और आरोपी झोलाछाप चिकित्सक प्रदीप विश्वकर्मा के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई. थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर लगातार छापेमारी की जा रही है. लगातार हो रही इन घटनाओं ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.

भारत के प्रमुख डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म्स में से एक, India News Viral बिहार और झारखंड क्षेत्र की हर छोटी-बड़ी ख़बरों को सबसे तेज़ और सटीक रूप में पाठकों तक पहुँचाने के लिए जाना जाता है।
यह डिजिटल डेस्क स्थानीय मुद्दों से लेकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय घटनाओं तक, राजनीति, शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, मनोरंजन और सामाजिक सरोकार से जुड़ी हर ख़बर पर पैनी नज़र रखता है।
विश्वसनीय स्रोतों और जमीनी रिपोर्टिंग के दम पर, India News Viral – Bihar Jharkhand का उद्देश्य पाठकों को निष्पक्ष, त्वरित और तथ्यात्मक समाचार उपलब्ध कराना है।
