पटना: बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर इंडिया महागठबंधन के भीतर मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर चल रहा गतिरोध आखिरकार गुरुवार को समाप्त हो गया है. राजधानी पटना के होटल मौर्य में आयोजित महागठबंधन की संयुक्त प्रेस वार्ता में यह अहम फैसला लिया गया.

इस दौरान मंच पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लावरु, भाकपा- माले के दीपांकर भट्टाचार्य, वीआईपी सुप्रीमो मुकेश सहनी, आरजेडी प्रमुख तेजस्वी यादव, मंगनी लाल मंडल और अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहे.
प्रेस वार्ता में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि आगामी बिहार विधानसभा चुनाव में महागठबंधन का चेहरा तेजस्वी यादव होंगे. उन्होंने कहा कि तेजस्वी युवा हैं और अब वक्त है कि युवाओं को नेतृत्व का अवसर दिया जाए. गहलोत ने कहा “हमारा नेता तेजस्वी यादव है, एनडीए को भी बताना चाहिए कि उनका नेता कौन है. सिर्फ यह कह देने से काम नहीं चलेगा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में चुनाव लड़ा जाएगा.”
इसके साथ ही महागठबंधन ने डिप्टी सीएम फेस के रूप में वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी के नाम की भी घोषणा की है. गहलोत ने कहा कि अगर महागठबंधन की सरकार बनी तो मुकेश सहनी बिहार के उपमुख्यमंत्री होंगे.
इस प्रेस वार्ता में महागठबंधन के साझा एजेंडा की भी घोषणा की गई, जिसमें रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक न्याय को प्राथमिकता देने की बात कही गई है. महागठबंधन के नेताओं ने एकजुटता का संदेश देते हुए दावा किया कि बिहार की जनता परिवर्तन के लिए तैयार है और आने वाले चुनाव में महागठबंधन भारी बहुमत से जीत दर्ज करेगा.

