जमशेदपुर: विश्व डाक दिवस के अवसर पर भारतीय डाक विभाग की ओर से शुक्रवार, 9 अक्टूबर से राष्ट्रीय डाक सप्ताह की शुरुआत की गई है. यह आयोजन 15 अक्टूबर तक चलेगा. इस दौरान जमशेदपुर सहित कोल्हान के विभिन्न क्षेत्रों में जागरूकता एवं जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. इसका उद्देश्य बच्चों, युवाओं और ग्रामीणों को डाक विभाग की आधुनिक सेवाओं, डिजिटल सुविधाओं तथा सरकारी योजनाओं से जोड़ना है.


डाक विभाग ने सप्ताह भर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार कर ली है. इसके तहत स्कूली बच्चों को डाकघरों की कार्यप्रणाली से परिचित कराने के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय समावेशन और नागरिक केंद्रित सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जाएगा.
12 अक्टूबर को स्कूली बच्चे जानेंगे डाक टिकटों का इतिहास
राष्ट्रीय डाक सप्ताह के तहत 12 अक्टूबर को ‘फन विद फिलाटेली डे’ मनाया जाएगा. इस अवसर पर स्कूली बच्चों को जमशेदपुर प्रधान डाकघर स्थित फिलाटेली ब्यूरो और एनआईटी स्थित डाकघर का भ्रमण कराया जाएगा. बच्चों को डाक टिकटों के संग्रह, उनके ऐतिहासिक महत्व और डाक विभाग की कार्यप्रणाली की जानकारी दी जाएगी. साथ ही फिलाटेलिस्टों के साथ समूह चर्चा आयोजित होगी. इस दौरान ‘ढाई आखर’ पत्र लेखन प्रतियोगिता का प्रचार-प्रसार किया जाएगा तथा ‘माय स्टाम्प’ काउंटर भी लगाया जाएगा.
13 अक्टूबर को आठ अनुमंडलों में लगेंगी 16 डाक चौपालें
13 अक्टूबर को वित्तीय समावेशन एवं नागरिक केंद्रित सेवाएं दिवस मनाया जाएगा. इसके तहत कोल्हान के तीनों जिलों के आठ अनुमंडलों में दो-दो डाक चौपालों का आयोजन किया जाएगा. इस प्रकार कुल 16 डाक चौपालें लगाई जाएंगी. इन चौपालों के माध्यम से ग्रामीणों को डाक विभाग की विभिन्न सेवाओं, डिजिटल सुविधाओं और सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी. इसके अलावा स्कूलों में आधार शिविर भी लगाए जाएंगे, ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों को आधार से संबंधित सेवाओं का लाभ मिल सके.
डाक विभाग की इस पहल से विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक डाक सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ने और आम लोगों तक नागरिक सुविधाओं की पहुंच मजबूत होने की उम्मीद है.

