आसनसोल: पश्चिम बर्दवान के दुर्गापुर में विधानसभा चुनाव के बाद राजनीतिक तनाव के बीच अब तृणमूल कांग्रेस के एक पार्टी कार्यालय पर कथित कब्जे और तोड़फोड़ का मामला सामने आया है. दुर्गापुर के वार्ड नंबर 14 स्थित न्यू पल्ला इलाके में तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर पार्टी कार्यालय खाली कराने, उसकी चाबी लेने और तोड़फोड़ करने का आरोप लगाया है. भाजपा ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए घटना से अपने कार्यकर्ताओं का संबंध होने से इनकार किया है.


घटना के बाद इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस की तैनाती की गई. स्थानीय रिपोर्ट के मुताबिक प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है. फिलहाल किसी व्यक्ति की गिरफ्तारी अथवा घटना के लिए किसी राजनीतिक दल के कार्यकर्ता को आधिकारिक रूप से जिम्मेदार ठहराए जाने की पुष्टि सामने नहीं आई है.
तृणमूल का आरोप- देर रात पहुंचे भाजपा कार्यकर्ता
दुर्गापुर नंबर-2 ब्लॉक तृणमूल युवा अध्यक्ष राजू सिंह ने आरोप लगाया कि रविवार देर रात कुछ भाजपा कार्यकर्ता न्यू पल्ला स्थित तृणमूल कार्यालय पहुंचे. वहां मौजूद कार्यकर्ताओं को कार्यालय से बाहर निकलने के लिए कहा गया. आरोप है कि इसके बाद कार्यालय की चाबी जबरन ली गई और कार्यालय को खोला गया.
राजू सिंह ने दावा किया कि मामला केवल पार्टी कार्यालय तक सीमित नहीं रहा. इलाके में तृणमूल से जुड़े कुछ कार्यकर्ताओं के घरों में भी तोड़फोड़ की गई. तृणमूल का आरोप है कि इस घटना के बाद स्थानीय कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भय का माहौल है. हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र अथवा पुलिस स्तर से पुष्टि अभी सामने नहीं आई है.
भाजपा का पलटवार- घटना से हमारे कार्यकर्ताओं का संबंध नहीं
दूसरी ओर पश्चिम बर्दवान जिला भाजपा के प्रवक्ता सुमंत मंडल ने तृणमूल के आरोपों को खारिज किया है. उनका कहना है कि घटना में भाजपा के पुराने कार्यकर्ताओं की कोई भूमिका नहीं है. भाजपा की ओर से दावा किया गया कि तृणमूल के अंदरूनी विवाद के कारण ऐसी घटना हुई है. भाजपा ने पुलिस को मामले की जानकारी देने और घटना में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने की बात भी कही है.
इस तरह न्यू पल्ला की घटना को लेकर दोनों राजनीतिक दलों के दावे एक-दूसरे के बिल्कुल विपरीत हैं. तृणमूल जहां भाजपा कार्यकर्ताओं पर कार्यालय पर कब्जे और तोड़फोड़ का आरोप लगा रही है, वहीं भाजपा इसे तृणमूल के अंदरूनी विवाद से जोड़ रही है.
चुनाव के बाद बदले हैं दुर्गापुर के राजनीतिक समीकरण
इस घटना को 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बाद दुर्गापुर में बदले राजनीतिक समीकरणों की पृष्ठभूमि में भी देखा जा रहा है. दुर्गापुर पूर्व सीट पर भाजपा के चंद्रशेखर बनर्जी ने जीत दर्ज की, जबकि दुर्गापुर पश्चिम से भाजपा के लक्ष्मण चंद्र घोरुई विजयी हुए.
ऐसे में न्यू पल्ला की घटना ने स्थानीय स्तर पर राजनीतिक तनाव को एक बार फिर सामने ला दिया है. फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण सवाल यही है कि पार्टी कार्यालय में कथित तोड़फोड़ किसने की और घटना के समय वहां कौन- कौन मौजूद था. तृणमूल ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर सीधा आरोप लगाया है, जबकि भाजपा ने इसे खारिज कर दिया है. ऐसे में पुलिस जांच के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियां अधिक स्पष्ट हो सकेंगी.

