जमशेदपुर: प्रसिद्ध उद्यमी देवांग गांधी के सुपुत्र कैरव गांधी के लापता हुए पांच दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया है. इस घटना को लेकर शहर के व्यापारिक और सामाजिक संगठनों में गहरी चिंता और आक्रोश का माहौल है. कैरव गांधी के लापता होने के बाद से परिजन लगातार पुलिस प्रशासन से संपर्क में हैं. पुलिस की ओर से जांच और तलाश जारी रहने की बात कही जा रही है, लेकिन अभी तक किसी ठोस सफलता की जानकारी सामने नहीं आई है.

इस गंभीर प्रकरण को लेकर रविवार को शहर के सभी प्रमुख व्यापारिक और सामाजिक संगठनों की एक महत्वपूर्ण बैठक बिष्टुपुर स्थित चैम्बर भवन में आयोजित की गई. बैठक में व्यापारी संगठनों के पदाधिकारी, सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि और विभिन्न क्षेत्र के गणमान्य लोग शामिल हो रहे हैं. बैठक में कैरव गांधी की सुरक्षित बरामदगी को लेकर रणनीति पर चर्चा की गई. साथ ही इस घटना को शहर की कानून-व्यवस्था से जोड़ते हुए पुलिस प्रशासन की भूमिका पर भी विचार किया गया.
व्यापारिक संगठनों ने एक स्वर में मांग की है कि पुलिस प्रशासन इस मामले को सर्वोच्च प्राथमिकता दे और जल्द से जल्द कैरव गांधी का पता लगाए. संगठनों का कहना है कि यदि शहर के प्रतिष्ठित व्यवसायी के पुत्र के लापता होने का मामला सुलझ नहीं पा रहा है, तो आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े होते हैं.
चैम्बर ऑफ कॉमर्स की ओर से पुलिस प्रशासन से यह भी मांग की गई है कि शहर में सभी व्यापारिक प्रतिष्ठानों और व्यवसायियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए. व्यापारिक संगठनों ने कहा कि लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं से व्यापारिक समुदाय में भय का माहौल बन रहा है. बैठक के दौरान यह निर्णय भी लिया जा सकता है कि यदि शीघ्र कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती है, तो व्यापारी संगठन सामूहिक रूप से पुलिस प्रशासन और जिला प्रशासन से मिलकर अपनी चिंताओं से अवगत कराएंगे.
फिलहाल शहर की नजरें इस बैठक पर टिकी हुई हैं और सभी को उम्मीद है कि पुलिस प्रशासन जल्द ही इस रहस्यमय मामले का खुलासा करेगा और कैरव गांधी को सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचाएगा.

